श्राद्ध-तर्पण की टिप्पणी पर भाजपा का कांग्रेस पर पलटवार

  • जखमोला बोले-आस्था के विषयों को राजनीति से जोड़ना उचित नहीं

गोपेश्वर (चमोली)। मां की ममता और पिता के प्रति श्रद्धा को भी सियासी चश्मे से देखने पर भाजपा ने कांग्रेस पर पलटवार किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मां और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के पिता के श्राद्ध-तर्पण को लेकर कांग्रेस की सोशल मीडिया टिप्पणी पर भाजपा प्रदेश प्रवक्ता मनोज जखमोला ने कहा कि मां-बाप के प्रति प्रेम, ममता और श्रद्धा किसी दल की राजनीतिक संपत्ति नहीं, बल्कि हर व्यक्ति की निजी भावना है। ऐसा कर कांग्रेस ने अपनी कुत्सित मानसिकता का परिचय दिया है।

गोपेश्वर में पत्रकारों से बातचीत करते हुए जखमोला ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सार्वजनिक जीवन की व्यस्तताओं के बावजूद अपनी मां के प्रति जिस भावनात्मक लगाव को हमेशा सम्मान देते रहे, वह भारतीय परिवार और संस्कारों की भावना को दर्शाता है। इसी तरह श्राद्ध-तर्पण सनातन परंपरा में दिवंगत माता-पिता और पूर्वजों के प्रति श्रद्धा एवं कृतज्ञता व्यक्त करने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि ऐसी भावनाओं पर राजनीतिक टिप्पणी करने के बजाय दलों को जनता से जुड़े मुद्दों पर बहस करनी चाहिए।

जखमोला ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि राजनीतिक विरोध सरकार की नीतियों और फैसलों पर हो सकता है, लेकिन किसी की मां की ममता और पिता के प्रति श्रद्धा को लेकर टिप्पणी करना राजनीतिक बहस का स्वस्थ तरीका नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस आस्था से जुड़े विषयों को राजनीतिक विवाद में बदलने की कोशिश कर रही है।

भाजपा प्रवक्ता ने इसके साथ ही धामी सरकार के कामकाज को भी चर्चा के केंद्र में रखा। उन्होंने कहा कि सरकार भू-कानून, धर्मांतरण कानून, अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई और धार्मिक-पौराणिक स्थलों के संरक्षण जैसे विषयों पर फैसले ले रही है। सेवा संकल्प अभियान के जरिए सरकारी योजनाओं और सेवाओं को लोगों तक पहुंचाने तथा उनकी समस्याओं के समाधान का प्रयास किया जा रहा है।

जखमोला ने कहा कि कांग्रेस को यदि सरकार को घेरना है तो इन फैसलों और विकास कार्यों पर सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि 2027 के विधानसभा चुनाव में भाजपा लगातार तीसरी बार सरकार बनाने के लिए जनता के बीच अपने काम का हिसाब लेकर जाएगी।

पत्रकार वार्ता में भाजपा जिलाध्यक्ष गजपाल बत्र्वाल, जिला महामंत्री विनोद कनवासी, मंडल अध्यक्ष सतेंद्र असवाल, डीसीबी अध्यक्ष गजेंद्र रावत, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य नंदन बिष्ट, सैनिक प्रकोष्ठ के महेंद्र सिंह राणा, भरत गाड़िया, अमरेश सोनी, राजीव सोनी, नवीन फरस्वाण समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।

Portaladmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

SCERT-डायट का बने एकल अकादमिक ढांचा, एलटी शिक्षकों को TET से रखा जाए मुक्त – विनय थपलियाल

Mon Oct 5 , 2026
देहरादून। उत्तराखंड में शिक्षक शिक्षा व्यवस्था को अधिक प्रभावी और अकादमिक रूप से मजबूत बनाने के लिए एससीईआरटी के अध्यक्ष विनय थपलियाल ने SCERT और DIET के लिए एकीकृत एवं विशेषज्ञता आधारित अकादमिक ढांचा विकसित करने की मांग उठाई है। इस संबंध में उन्होंने रविदर्शन तोपाल के साथ कैबिनेट मंत्री […]

You May Like

Breaking News

Share
error: